विंड एनर्जी सेक्टर की दिग्गज कंपनी Suzlon Energy के लिए मंगलवार, 30 जून 2026 का दिन बेहद शानदार रहा. कंपनी को रिन्यूएबल एनर्जी मार्केट से एक बड़ा ऑर्डर हासिल हुआ है. इस बड़ी डील की खबर आते ही शेयर बाजार में सुजलॉन के शेयरों को अच्छा बूस्ट मिला और निवेशकों ने इसमें गहरी दिलचस्पी दिखाई.
Suzlon Energy को यह नया ऑर्डर Sunsure Energy की तरफ से मिला है. यह कुल 105 मेगावाट (MW) की विंड एनर्जी परियोजना है. इस प्रोजेक्ट के तहत सुजलॉन कंपनी अपने नए और सबसे आधुनिक S175 विंड टर्बाइन की सप्लाई करेगी. यह कंपनी के इस नए मॉडल का पहला कमर्शियल ऑर्डर है.
प्रोजेक्ट की जानकारी
यह पूरा विंड एनर्जी प्रोजेक्ट कर्नाटक के बीजापुर जिले में स्थापित किया जाएगा. डील के मुताबिक, Suzlon Energy केवल टर्बाइनों की सप्लाई ही नहीं करेगी, बल्कि उनके इंस्टॉलेशन, कमिशनिंग और भविष्य में रखरखाव (O&M) की जिम्मेदारी भी संभालेगी. इस ऑर्डर में कुल 21 विंड टर्बाइन लगाए जाएंगे, जिनमें हर एक की क्षमता 5.0 मेगावाट है.
यह डील दोनों कंपनियों के बीच के मजबूत रिश्तों को भी दर्शाती है. पिछले 14 महीनों के भीतर Sunsure Energy और सुजलॉन के बीच यह तीसरा बड़ा कॉन्ट्रैक्ट है. इस नए ऑर्डर को मिलाकर अब इन दोनों कंपनियों की कुल पार्टनरशिप बढ़कर 400.8 मेगावाट (MW) तक पहुंच चुकी है.
S175 टर्बाइन की खासियत
सुजलॉन कंपनी ने इस S175 विंड टर्बाइन मॉडल को महज दो हफ्ते पहले ही बाजार में लॉन्च किया था. इसे भारत का सबसे ऊंचा और सबसे शक्तिशाली विंड टर्बाइन बताया जा रहा है. इसमें 175 मीटर का रोटर और 160 मीटर का हाइब्रिड लैटिस टॉवर इस्तेमाल किया गया है.
इस खास डिजाइन की वजह से यह टर्बाइन कम और मध्यम हवा वाले क्षेत्रों में भी तेजी से काम कर सकता है. यह उन जगहों से भी ज्यादा बिजली पैदा करने में सक्षम है, जिन्हें पहले विंड प्रोजेक्ट्स के लिए बेकार माना जाता था. Sunsure Energy का लक्ष्य साल 2030 तक 10 गीगावाट (GW) का रिन्यूएबल एनर्जी प्लेटफॉर्म तैयार करना है.
शेयर बाजार में सुजलॉन का प्रदर्शन
इस बड़े ऑर्डर की घोषणा के बाद मंगलवार को नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर Suzlon Energy का शेयर मजबूती के साथ खुला. दिन के कारोबारी सत्र में यह शेयर ₹58.15 के उच्च स्तर (डे हाई) तक पहुंच गया. बाजार बंद होने के समय यह करीब 2.94% की बढ़त के साथ ₹58.87 पर बंद हुआ.
पिछले कुछ समय से सुजलॉन के शेयरों में लगातार उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है. कंपनी के शेयरों का 52 हफ्तों का सबसे निचला स्तर ₹38.19 और उच्चतम स्तर ₹68.30 रहा है. इस समय कंपनी का कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन (बाजार पूंजीकरण) ₹80,324 करोड़ रुपये के आसपास पहुंच चुका है.
Suzlon Energy की ऑर्डर बुक
बाजार के जानकारों का मानना है कि नए S175 मॉडल को इतनी जल्दी बाजार से रेस्पॉन्स मिलना कंपनी के लिए बहुत सकारात्मक संकेत है. सुजलॉन के पास इस समय भारत में 15.1 गीगावाट और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लगभग 6 गीगावाट का विंड एसेट पोर्टफोलियो है. कंपनी अब पूरी तरह से कर्ज मुक्त हो चुकी है, जिससे निवेशकों का भरोसा और बढ़ा है.
Sunsure Energy जैसी बड़ी कंपनियों से लगातार मिल रहे ऑर्डर्स के कारण सुजलॉन की ऑर्डर बुक काफी मजबूत हो रही है. एक्सपर्ट्स का कहना है कि आने वाले समय में अगर कंपनी को इस नए 5.0 मेगावाट प्लेटफॉर्म के लिए और भी रिपीट ऑर्डर्स मिलते हैं, तो कंपनी की कमाई और मार्जिन में और सुधार देखने को मिल सकता है.